सूर्य मुनि तिवारी ने कहा कि स्वर्गीय दरोगा पाठक जी का जीवन सादगी, अनुशासन और सामाजिक मूल्यों का प्रतीक रहा। उन्होंने अपने परिवार और समाज के लिए जो योगदान दिया, उसे हमेशा याद रखा जाएगा। उनके जाने से समाज और परिवार दोनों को अपूरणीय क्षति हुई है।
उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में धैर्य और शक्ति प्रदान करें। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग और शुभचिंतक उपस्थित रहे, जिन्होंने स्व. दरोगा पाठक जी को श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की।सूर्य मुनि तिवारी ने कहा कि ऐसे दुखद क्षणों में पूरा समाज परिवार के साथ खड़ा है और हर संभव सहयोग के लिए तत्पर है।