सूर्यमुनी तिवारी ने कथा स्थल पर पहुंचकर संत-महात्माओं का आशीर्वाद लिया और श्रद्धालुओं के साथ कथा का श्रवण किया। उन्होंने कहा कि श्रीराम कथा समाज को नैतिक मूल्यों, मर्यादा और सद्भाव का संदेश देती है। ऐसे आध्यात्मिक आयोजनों से समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और लोगों को धर्म तथा संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिलता है।
कार्यक्रम के दौरान आयोजकों ने अतिथियों का स्वागत किया और कथा के महत्व पर प्रकाश डाला। श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन के माध्यम से भक्ति भाव व्यक्त किया। अंत में सूर्यमुनी तिवारी ने सभी के सुख-समृद्धि की कामना करते हुए आयोजन की सराहना की और कहा कि इस तरह के धार्मिक कार्यक्रम सामाजिक एकता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

